India Travel Tales

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जयपुर भ्रमण: हवा महल
जयपुर भ्रमण: हवा महल

जयपुर भ्रमण: हवा महल

सिटी पैलेस और हवामहल एक भूमिगत मार्ग से जुड़े हुए हैं जो सिटी पैलेस में रहने वाली रानियों के उपयोग में आता था। हवा महल का प्रवेश द्वार भी सिटी पैलेस के अन्तःपुर की ओर से ही है। सच कहें तो हम सड़क से हवा महल का जो दृश्य देखते हैं वह हवा महल का पृष्ठ भाग है।

गोदावरी तट नाशिक : पंचवटी धाम
गोदावरी तट नाशिक : पंचवटी धाम

गोदावरी तट नाशिक : पंचवटी धाम

भगवान राम, सीता और लक्ष्मण ने वनवास का अधिकतम समय गोदावरी के तट पर पांच वटवृक्षों की छाया तले पर्णकुटी बना कर व्यतीत किया था।

हमारी महाराष्ट्र यात्रा – त्र्यंबकेश्वर ज्योतिर्लिंग, नाशिक
हमारी महाराष्ट्र यात्रा – त्र्यंबकेश्वर ज्योतिर्लिंग, नाशिक

हमारी महाराष्ट्र यात्रा – त्र्यंबकेश्वर ज्योतिर्लिंग, नाशिक

नासिक शहर से 30 किमी दूर त्र्यंबकेश्वर ज्योतिर्लिंग का माहात्म्य सर्वविदित है। गोदावरी तट पर बसे नाशिक में प्रत्येक 12 वर्ष में कुंभ का आयोजन होता है।

काश्मीर का नगीना : डल झील
काश्मीर का नगीना : डल झील

काश्मीर का नगीना : डल झील

डल झील स्वयं में काश्मीर का सबसे महत्वपूर्ण आकर्षण है और इसके चारों ओर विश्वप्रसिद्ध बाग, दरगाह, मंदिर, होटल व शोरूम मौजूद हैं।

काश्मीर यात्रा – श्रीनगर के बाग, महल और मंदिर के दर्शन
काश्मीर यात्रा – श्रीनगर के बाग, महल और मंदिर के दर्शन

काश्मीर यात्रा – श्रीनगर के बाग, महल और मंदिर के दर्शन

इस ज़बरवान पर्वत का जो ढलान डल झील की ओर है, उस पर तीन खूबसूरत बाग – चश्माशाही, निशात बाग और शालीमार बाग – बने हुए हैं जो शाहजहां के समकालीन हैं। इनके अलावा वर्ष 2007 में इंदिरागांधी मैमोरियल ट्यूलिप गार्डन भी विकसित किया गया है जो एशिया का सबसे बड़ा ट्यूलिप गार्डन बताया जाता है।

हमारी महाराष्ट्र यात्रा – शिरडी में साईं धाम के दर्शन
हमारी महाराष्ट्र यात्रा – शिरडी में साईं धाम के दर्शन

हमारी महाराष्ट्र यात्रा – शिरडी में साईं धाम के दर्शन

जिस साईं बाबा के द्वार चौबीसों घंटे खुले रहे, आज उनकी समाधि देखने हेतु 200/- का टिकट है। जो जीवन भर चिथड़े धारण किये रहे, आज उनकी स्वर्णजटित मूर्ति मंदिर में प्रतिष्ठित है।

हमारी महाराष्ट्र यात्रा – शनि शिंगणापुर
हमारी महाराष्ट्र यात्रा – शनि शिंगणापुर

हमारी महाराष्ट्र यात्रा – शनि शिंगणापुर

शनि शिंगणापुर में घरों में, बैंक में डाकखाने में, दुकानों पर दरवाज़े नहीं होते, चोरी का कोई डर नहीं है। बैंक भी रात भर खुला रहता है। अपराधियों को शनि देव के प्रकोप का भय उनको अपराध करने नहीं देता है।

औरंगाबाद : पनचक्की तथा एलोरा गुफ़ाएं
औरंगाबाद : पनचक्की तथा एलोरा गुफ़ाएं

औरंगाबाद : पनचक्की तथा एलोरा गुफ़ाएं

एलोरा गुफ़ाएं जिस काल खंड में बनाई गयीं देश में हिन्दू शासक राज्य करते थे और उनको अन्य मतावलंबियों द्वारा अपने मठ और मंदिर बनाने में कहीं कोई आपत्ति नहीं थी। यहां जैन, शैव, वैश्णव व बौद्ध – कुल 100 गुफ़ाएं हैं।

हमारी महाराष्ट्र यात्रा का पहला दिन – औरंगाबाद में ज्योतिर्लिंग दर्शन
हमारी महाराष्ट्र यात्रा का पहला दिन – औरंगाबाद में ज्योतिर्लिंग दर्शन

हमारी महाराष्ट्र यात्रा का पहला दिन – औरंगाबाद में ज्योतिर्लिंग दर्शन

52 दरवाज़ों के इस शहर में आने का हमारा मुख्य ध्येय घृष्णेश्वर ज्योतिर्लिंग Ghrishneshwar Jyotirlingam के दर्शन करना है। पर जब औरंगाबाद आये हैं तो एलोरा की गुफ़ाएं व यहां के अन्य आकर्षण देखे बिना भला कैसे जा सकते हैं!

हमारी हैदराबाद यात्रा – स्थानीय भ्रमण
हमारी हैदराबाद यात्रा – स्थानीय भ्रमण

हमारी हैदराबाद यात्रा – स्थानीय भ्रमण

क्या आपने कभी नर्क के दर्शन किये हैं? यदि नहीं और दर्शन करने की इच्छा हो तो बिड़ला मंदिर परिसर की पार्किंग के ऊपर बने हुए डायनासोर म्यूज़ियम के पब्लिक टॉयलेट में हो आइये। टॉयलेट सीट में मल तैरता हुआ मिलेगा, पानी की टोंटी खोलेंगे तो उसमें से पानी नहीं निकलेगा, सीट में या दीवार पर वाटर जैट भी लगा हुआ नहीं होगा और न ही आसपास कहीं साबुन दिखाई देगा। यदि आपकी जेब में कुछ कागज़ / टिशु पेपर वगैरा निकल आयें तो बस, उनसे अपना शरीर साफ़ करने का असफ़ल प्रयास करके, बिना हाथ धोये, आप शर्मिन्दगी से भरे हुए बाहर निकल आइये।